Breaking News

TMC में बढ़ा सियासी संकट: चंद्रिमा भट्टाचार्य ने प्रदेश अध्यक्ष समेत सभी पदों से दिया इस्तीफा, ममता से मतभेद की चर्चा तेज

Published on: July 5, 2026
Political crisis deepens in TMC

जागृत भारत,कोलकाता : पश्चिम बंगाल की राजनीति में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के भीतर जारी उठापटक के बीच पार्टी को एक और बड़ा झटका लगा है। वरिष्ठ नेता और पश्चिम बंगाल की पूर्व मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने शनिवार को पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष पद सहित सभी संगठनात्मक जिम्मेदारियों से इस्तीफा दे दिया। उनका इस्तीफा ऐसे समय सामने आया है, जब पार्टी में बगावत और संगठनात्मक विवाद की चर्चाएं तेज हैं।

चंद्रिमा भट्टाचार्य को 3 जून को तृणमूल कांग्रेस का प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया गया था। वह लंबे समय से पार्टी प्रमुख ममता बनर्जी की करीबी नेताओं में गिनी जाती रही हैं और राज्य सरकार में स्वास्थ्य एवं वित्त जैसे महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी भी संभाल चुकी हैं।

इस्तीफे में क्या कहा?

अपने इस्तीफे में चंद्रिमा भट्टाचार्य ने लिखा कि वह ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस के पश्चिम बंगाल प्रदेश अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे रही हैं। इसके साथ ही उन्होंने पार्टी में अपने अन्य सभी संगठनात्मक पदों से भी त्यागपत्र देने की घोषणा की।

उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी और उससे जुड़ी संस्थाओं के विभिन्न बैंक खातों के लिए अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता (Authorized Signatory) के रूप में अपना नाम वापस ले रही हैं। साथ ही चुनाव आयोग के समक्ष पार्टी का प्रतिनिधित्व करने से संबंधित अधिकृत जिम्मेदारी भी छोड़ने की जानकारी दी।

मतभेद की वजह क्या बताई जा रही है?

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, चंद्रिमा भट्टाचार्य और ममता बनर्जी के बीच मतभेद उस घटना के बाद बढ़े, जब पार्टी के बागी गुट ने कथित तौर पर कोलकाता स्थित टीएमसी कार्यालय पर कब्जा कर लिया। बताया जाता है कि घटना के दौरान चंद्रिमा भट्टाचार्य भी वहां मौजूद थीं, लेकिन कुछ ही देर बाद वहां से चली गईं।

रिपोर्टों के मुताबिक, बाद में ममता बनर्जी ने उनसे नाराजगी जताते हुए आरोप लगाया कि पार्टी कार्यालय को बागी गुट के कब्जे में जाने से नहीं रोका गया। हालांकि, चंद्रिमा भट्टाचार्य ने इन आरोपों को स्वीकार नहीं किया। उन्होंने कहा कि उनके मन में किसी के प्रति कोई शिकायत नहीं है, लेकिन उन्हें इस बात का दुख है कि उनके ऊपर भरोसा नहीं किया गया। उन्होंने यह भी कहा, “मैं कौन होती हूं टीएमसी भवन किसी को सौंपने वाली?”

पार्टी में बढ़ी हलचल

चंद्रिमा भट्टाचार्य का इस्तीफा ऐसे समय आया है, जब तृणमूल कांग्रेस आंतरिक असंतोष और बगावत की खबरों से जूझ रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस घटनाक्रम से पश्चिम बंगाल की राजनीति में नई हलचल पैदा हो सकती है। हालांकि, पार्टी नेतृत्व की ओर से उनके इस्तीफे पर आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है।


इसे भी पढ़ें : देवरिया में ‘व्यापारी कल्याण दिवस’ पर उत्कृष्ट करदाता सम्मानित, आश्रित को ₹10 लाख की सहायता


Discover more from jagrutbharat.com :: जागृत भारत

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Read Also

At Gorakhpur University

गोरखपुर विश्वविद्यालय में ‘प्रोफेसर ऑफ प्रैक्टिस’ बने सांसद रवि किशन, पहली क्लास में छात्रों को दिया सफलता का मंत्र

Before the Bankipur by-election, people

बांकीपुर उपचुनाव से पहले जन सुराज को झटका, कई नेताओं ने थामा बीजेपी का दामन

Clutches of law after 27 years

27 साल बाद कानून के शिकंजे में आया दोहरे हत्याकांड का आरोपी, पहचान बदलकर भोपाल में ‘जमील’ बनकर रह रहा था

Parliament's monsoon session begins on Monday

सोमवार से संसद का मानसून सत्र, सरकार-विपक्ष आमने-सामने; कई अहम विधेयकों और विवादित मुद्दों पर टकराव के आसार

Iran's Supreme Leader on America

ईरान के सर्वोच्च नेता का अमेरिका पर हमला, बोले- ‘ट्रंप के हस्ताक्षर की कोई कीमत नहीं, अमेरिका को मिलेगा जवाब’

Deoria Anganwadi workers in Pathardeva

देवरिया: पथरदेवा में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को मिले आधुनिक स्वास्थ्य उपकरण, मातृ-शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगी मजबूती

Leave a Reply

error: Content is protected !!