Breaking News

Budget 2026 में कानपुर उद्योग को बड़ी राहत: फुटवियर-टेक्सटाइल और एमएसएमई सेक्टर पर खास फोकस

Published on: February 2, 2026
budget-2026-kanpur-footwear-textile-msme-industry-focus

जागृत भारत | कानपुर(Kanpur): Budget 2026 में केंद्र सरकार ने फुटवियर, चमड़ा और टेक्सटाइल उद्योग के साथ-साथ एमएसएमई सेक्टर पर विशेष ध्यान दिया है। सीमा शुल्क में दी गई राहत और नीतिगत बदलावों से कानपुर के उद्योग जगत को बड़ा फायदा मिलने की उम्मीद है। विशेषज्ञों के अनुसार, इससे शहर के फुटवियर निर्यात में एक ही वर्ष में 10 से 15 प्रतिशत तक की वृद्धि संभव है।

शू-अपर्स पर भी अब मिलेगा ड्यूटी-फ्री इनपुट

केंद्रीय बजट में बड़ा बदलाव करते हुए अब शू-अपर्स (जूते के ऊपरी हिस्से) के निर्माण और निर्यात पर भी ड्यूटी-फ्री इनपुट की सुविधा दी गई है। इससे पहले यह लाभ केवल लेदर और सिंथेटिक जूतों के निर्यात तक सीमित था। इस फैसले से निर्यातकों की उत्पादन लागत कम होगी और अंतरराष्ट्रीय बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी।

निर्यात की समय सीमा बढ़कर हुई एक वर्ष

निर्यातकों को सबसे बड़ी राहत अंतिम उत्पाद के निर्यात की समय सीमा को छह महीने से बढ़ाकर एक वर्ष किए जाने से मिली है। यह नियम लेदर, टेक्सटाइल गारमेंट्स और सिंथेटिक फुटवियर सभी पर लागू होगा। इससे कंपनियों को ऑर्डर पूरा करने और गुणवत्ता सुधार के लिए अतिरिक्त समय मिलेगा।

एमएसएमई क्लस्टर योजना से 1.40 लाख उद्योगों को लाभ

कानपुर नगर में करीब 1.40 लाख एमएसएमई संचालित हैं, जिनमें फुटवियर, गारमेंट और टेक्सटाइल इकाइयां प्रमुख हैं। बजट में 10 हजार करोड़ रुपये की एमएसएमई क्लस्टर ग्रोथ योजना का प्रावधान किया गया है, जिसके तहत देशभर के 200 पुराने औद्योगिक क्लस्टरों को पुनर्जीवित किया जाएगा। इसका सीधा लाभ एक जिला एक उत्पाद (ODOP) से जुड़े कानपुर के उद्योगों को मिलेगा।

क्वालिटी कंट्रोल नियमों में ढील से उत्पादन होगा आसान

उत्पादन और निर्यात को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने लगभग 50 उत्पादों को अनिवार्य गुणवत्ता नियंत्रण आदेश की सूची से बाहर कर दिया है। इससे कच्चे माल का आयात और उत्पादन प्रक्रिया पहले से अधिक सरल और तेज हो सकेगी।

उद्योग विशेषज्ञों की राय

आरके जालान, चेयरमैन, ऑल इंडिया फुटवियर डिजाइन डेवलपमेंट इंस्टीट्यूट के अनुसार, आईजीसीआर स्कीम में कस्टम ड्यूटी छूट को शू-अपर्स तक बढ़ाना फुटवियर निर्यातकों के लिए बड़ा कदम है। फेमा में बदलाव से विदेशी निवेश आसान होगा और एमएसएमई चैंपियन योजना छोटे उद्योगों को नई दिशा देगी।

जावेद इकबाल, लेदर निर्यातक ने कहा कि नोटिफाइड इनपुट पर बेसिक कस्टम ड्यूटी योजना का विस्तार वैल्यू-एडेड उत्पादों के निर्यात को बढ़ावा देगा और टैग, लेबल, स्टिकर जैसे सहायक उद्योगों को भी फायदा होगा।

बलराम नरूला, होजरी एवं गारमेंट निर्यातक के अनुसार, पांच टेक्सटाइल एक्सीलेंस सेंटर की घोषणा से कानपुर का होजरी और गारमेंट उद्योग निर्यात के लिए पूरी तरह तैयार हो सकेगा।

सुनील वैश्य, पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष, आईआईए ने कहा कि यह बजट केवल एक साल के लिए नहीं, बल्कि विकसित भारत की मजबूत नींव रखने वाला है। मैन्यूफैक्चरिंग और एमएसएमई पर फोकस से रोजगार और निर्यात दोनों को बढ़ावा मिलेगा।

यूपी को बुलेट ट्रेन की बड़ी सौगात: लखनऊ से दिल्ली 2 घंटे, वाराणसी 1 घंटे में होगा सफर

Discover more from jagrutbharat.com :: जागृत भारत

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Read Also

Deoria police on criminals

देवरिया पुलिस अपराधियों पर कसेगी शिकंजा, एसपी अभिजित आर. शंकर ने थाना प्रभारियों को दिए सख्त निर्देश

Prashant Kishor's Bihar...

‘प्रशांत किशोर बिहार की राजनीति के नए हीरो बनकर उभरे’, बांकीपुर जीत पर बोले शत्रुघ्न सिन्हा

Sheikh Hasina's virtual press conference

शेख हसीना की वर्चुअल प्रेस कॉन्फ्रेंस पर भारत का रुख साफ, विदेश मंत्रालय बोला- आयोजन में हमारी कोई भूमिका नहीं

Pakistan-Saudi Arabia-Turkey

पाकिस्तान-सऊदी अरब-तुर्किए रक्षा समझौते पर भारत की नजर, विदेश मंत्रालय बोला- हालात पर रख रहे हैं करीबी निगरानी

Shehbaz Sharif on a visit to Saudi Arabia

सऊदी दौरे पर शहबाज शरीफ और असीम मुनीर ने किया उमरा, तस्वीरों पर पाकिस्तान में छिड़ी बहस

Pakistan, Saudi Arabia, and

पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्की के कथित रक्षा समझौते को लेकर दावे, जानिए क्या कहा जा रहा है

Leave a Reply

error: Content is protected !!